- मिर्जापुर पुलिस ने दो वांछित आरोपियों को किया गिरफ्तार
सहारनपुर। थाना मिर्जापुर पुलिस ने अस्पताल खोलने के नाम पर साझेदारी का झांसा देकर लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने के मामले में दो वांछित आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर फर्जी दस्तावेज तैयार कर पीड़ित से करीब 39.15 लाख रुपये हड़पने का आरोप है।
पुलिस के अनुसार, हरियाणा के यमुनानगर जनपद के थाना बिलासपुर क्षेत्र स्थित ग्राम चौली निवासी श्यामलाल ने 22 अगस्त 2025 को थाना मिर्जापुर में तहरीर देकर बताया था कि डा. नितिन, उनकी पत्नी अन्नू तथा मांगेराम ने मिर्जापुर क्षेत्र में अस्पताल खोलने के नाम पर उन्हें साझेदार बनाया। आरोप है कि तीनों ने कूटरचित दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी करते हुए उनसे कुल 39,15,829 रुपये ले लिए और बाद में रकम वापस नहीं की। पीड़ित की शिकायत पर थाना मिर्जापुर में मुकदमा दर्ज किया गया था।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस अधीक्षक ग्रामीण एवं क्षेत्राधिकारी बेहट के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक सूबे सिंह के नेतृत्व में थाना मिर्जापुर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 19 जुलाई 2026 को आरोपी डा. नितिन को स्पोर्ट्स कॉलेज जाटोवाला के पास से गिरफ्तार किया। इसके बाद 20 जुलाई 2026 को महिला आरोपी अन्नू को बादशाहीबाग बस स्टैंड के पास से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने दोनों आरोपियों के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी कर उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश कर दिया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी डा. नितिन के विरुद्ध पूर्व में भी जिला शामली के कोतवाली थाने में मारपीट एवं धमकी देने का मुकदमा दर्ज है। इस कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक सूबे सिंह, वरिष्ठ उपनिरीक्षक बाकेलाल, हेड कांस्टेबल दीपक शर्मा, कांस्टेबल पंकज कुमार, महिला कांस्टेबल सोनिका तथा महिला कांस्टेबल संगीता रानी शामिल रहे।
अस्पताल खोलने के नाम पर 39 लाख रुपये की धोखाधड़ी