सहारनपुर। श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन पंचायती मंदिर भरत विहार में भगवान महावीर के 2625वें जन्म कल्याणक महोत्सव को अत्यंत श्रद्धा, भक्ति एवं उल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातःकाल श्रीजी के अभिषेक एवं शांतिधारा से हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
मंदिर के अध्यक्ष मनीष जैन ने जानकारी देते हुए बताया सायंकालीन कार्यक्रम में 64 ऋद्धि-सिद्धि मंत्रों से युक्त वर्धमान स्तोत्र पाठ आयोजित किया। दीप अर्चना जैन धर्म में भक्ति एवं ज्ञान के प्रकाश का प्रतीक एक दिव्य अनुष्ठान है, जिसे परंपरागत रूप से 64 दीपकों के साथ संपन्न किया जाता है। यह विशेष रूप से महावीर जयंती एवं अन्य धार्मिक अवसरों पर भगवान की शिक्षाओं एवं मोक्ष मार्ग के स्मरण हेतु किया जाता है। उन्होंने बताया कि इस अनुष्ठान का मुख्य उद्देश्य अज्ञानता के अंधकार को दूर कर ज्ञान का प्रकाश फैलाना तथा भगवान महावीर के गुणों को आत्मसात करना है। यह अर्चना महावीर महामंडल विधान के उपरांत संपन्न होती है। कार्यक्रम के दौरान सभी श्रद्धालुओं ने 64 ऋद्धि-सिद्धि मंत्रों के अनुरूप 64 दीप प्रज्ज्वलित कर धर्मलाभ अर्जित किया। सभी ने सामूहिक रूप से यह मंगलकामना की कि संपूर्ण संसार सुखी रहे एवं विश्व में शांति स्थापित हो, साथ ही वर्तमान वैश्विक तनावों के शांतिपूर्ण समाधान हेतु प्रार्थना की गई।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से मनीष जैन, अमित जैन, मनोज जैन, अर्चित जैन, संदीप जैन, महेश चंद जैन, प्रवीण जैन, रेखा जैन, आशीष जैन, डॉ. आकाश जैन, राकेश जैन, उज्ज्वल जैन, युवान जैन, अद्विका जैन, मंजू जैन, अंजू जैन, काशीष जैन, उमा जैन, राहुल जैन, पारुल जैन आदि श्रद्धालुओं ने सहभागिता कर पुण्य अर्जित किया।
भगवान महावीर का 2625वां जन्म कल्याणक महोत्सव धूमधाम से मनाया