सहारनपुर। मंडलायुक्त डॉ0 रूपेश कुमार की अध्यक्षता में सर्किट हाउस सभागार में सीएम डैश बोर्ड पर विकास कार्यों, कर करेत्तर एवं राजस्व कार्यों तथा कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक आहूत की गई।
डॉक्टर रूपेश कुमार ने कहा कि सभी विभाग विकास कार्यों में प्राप्त रैकिंग को उच्चतम श्रेणी में लाएं। ए रैंक वाले अपनी रैकिंग यथावत बनाए रखें। वित्तीय वर्ष समाप्ति का एक दिन शेष है इसलिए वित्त संबंधी कार्यों को बहुत ही संवेदनशीलता के साथ करते हुए संबंधित पोर्टल पर फीडिंग अनिवार्य रूप से कर दी जाए। बी, सी एवं डी श्रेणी वाले विभाग कार्यशैली में सुधार लाते हुए रैंकिंग को बेहतर करें। आईजीआरएस पोर्टल पर प्रकरणों का समय से गुणवत्ता के साथ निस्तारण किया जाए। सुनिश्चित किया जाए कि समय सीमा के बाद कोई भी प्रकरण लंबित न रहे तथा शिकायतकर्ता से फीड बैक लिया जाए। शिकायतकर्ता की संतुष्टि हमारी प्राथमिकता है। सभी अधिकारी व्यक्तिगत तौर पर देखकर इसका निस्तारण करना सुनिश्चित करें तथा समय से रिपोर्ट उपलब्ध कराने के लिए नोडल अधिकारी नियुक्ति किया जाए। जल जीवन मिशन के तहत सड़कों की मरम्मत कार्य जून माह तक पूर्ण करना सुनिश्चित किया जाए।
फैमिली आईडी, डे-एनआरएलएम, मुख्यमंत्री आवास, पंचायती राज 15वां वित्त, पर्यटन विभाग, आईसीडीएस, सेतुओं के निर्माण, उद्योग विभाग के अन्तर्गत ओडीओपी टूल किट योजना, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना, विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना, समाज कल्याण विभाग के तहत अनुसूचित जाति एवं जनजाति की दशमोत्तर छात्रवृत्ति योजना, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में मण्डल के जिन जनपदों की रैंकिंग खराब हुई है उसको मार्च माह की श्रेणी सुधार करने के सख्त निर्देश दिए। जिन विभागों में मुख्यालय से पत्राचार करना है उनको समय से प्रेषित कर दिया जाए।
कानून व्यवस्था की बैठक के दौरान निर्देश दिए कि महिला संबंधी अपराध, पोक्सो, गैंगस्टर, रासूका, गुण्डा एक्ट में विवेचना को पूर्ण करते हुए संबंधित अभियुक्त के विरूद्ध नियमानुसार विधिक कार्यवाही कराना सुनिश्चित करें। बैठक में पुलिस उप महानिरीक्षक अभिषेक सिंह, जिलाधिकारी सहारनपुर मनीष बंसल, जिलाधिकारी मुजफ्फरनगर उमेश मिश्रा, जिलाधिकारी शामली अरविन्द चौहान, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सहारनपुर अभिनन्दन, उप निदेशक पंचायत हरिकेश बहादुर, डीआईजी स्टाम्प अखिलेश दुबे, अधीक्षण अभियंता, लोक निर्माण विभाग, सिंचाई विभाग, जल निगम, चिकित्सा सहित संबंधित विभागों के मण्डल एवं जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
मंडलायुक्त ने कड़े तेवर दिखाए, खराब रैंकिंग वाले विभागों को मार्च अंत तक सुधार की अंतिम चेतावनी