सहारनपुर। हिंदी पत्रकारिता के दो सौ साल पूरे होने के क्रम में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की श्रृंखला की शुरुआत पत्रकारिता के तीर्थ, भोपाल स्थित सप्रे संग्रहालय से हुई है। इन कार्यक्रमों में देशव्यापी विचार मंथन गोष्ठियां व अलंकरण समारोह आयोजित किये जायेंगे, जिनमें देश के बुद्धिजीवी, वरिष्ठ पत्रकार व शिक्षाविद् शिरकत कर रहे हैं। सप्रे संग्रहालय में आयोजित कार्यक्रम में सामाजिक सरोकारों से सम्पृक्त गुणवत्तापूर्ण पत्रकारिता के लिये उत्तर भारत से वरिष्ठ पत्रकार अरुण नैथानी को महेश गुप्ता सम्मान से अलंकृत किया गया। सम्मान मध्यप्रदेश के राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने प्रदान किया। अरुण नैथानी मूल रुप से अविभाजित सहारनपुर निवासी है और गत तीस वर्षाे से चंडीगढ़ में रहकर साहित्य सेवा एवं पत्रकारिता कर रहे हैं। अरुण को उक्त सम्मान मिलने पर सहारनपुर के साहित्यकारों डॉ. वीरेन्द्र आज़म, विनोद भृंग, रमेश छबीला, डॉ. अनिता, नरेंद्र मस्ताना, विजेंद्र पाल शर्मा व डॉ. आरपी सारस्वत ने हर्ष व्यक्त किया है।
भोपाल स्थित सप्रे संग्रहालय के संस्थापक संयोजक विजयदत्त श्रीधर के अनुसार 30 मई 1826 को प्रकाशित पहले हिंदी समाचार पत्र उदन्त मार्त्तण्ड के दो सौ साल पूरे होने पर 30 मई 2026 एक राष्ट्रीय कार्यक्रम दिल्ली में आयोजित होगा। इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भाग लेंगे और एक डाक टिकट भी जारी किया जाएगा।
श्रीधर ने बताया कि कार्यक्रमों की श्रृंखला में उदंत मार्तंड के उदय स्थल कोलकाता, इसके संपादक युगलकिशोर शुक्ल की जन्मस्थली कानपुर, हरिद्वार प्रेस क्लब तथा देश के प्रमुख शहरों में पत्रकारिता से जुड़ी संस्थाओं के सौजन्य से विशिष्ट आयोजन होंगे।
हिन्दी पत्रकारिता के 200 वर्षः सहारनपुर के वरिष्ठ पत्रकार अरुण नैथानी महेश गुप्ता सम्मान से अलंकृत